पहले आविष्कार, फिर बहिष्कार : TIK TOK से TOILET तक चीन की घुसपैठ, देखिए पूरी LIST

0
634

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का ‘स्वदेशी मंत्र’ समझना आवश्यक

‘मेक इन इंडिया’ से भारत की रेखा को लंबी करने की आवश्यकता

चीन सहित किसी भी देश की रेखा मिटा कर छोटी करना अनुचित

विश्लेषण : कन्हैया कोष्टी

अहमदाबाद (13 मई, 2020)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को दिए राष्ट्र के नाम अपने संदेश में कोरोना विरोधी लड़ाई के लिए ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियान छेड़ने की घोषणा की है, जिसका मूलमंत्र है स्वदेशी। जहाँ तक भारत का प्रश्न है, तो स्वतंत्रता आंदोलन के समय भी महात्मा गांधी ने स्वदेशी आंदोलन चलाया था। मोदी ने उसी स्वदेशी आंदोलन को ‘आत्मनिर्भर भारत’ के नए रूप में प्रस्तुत किया है।

प्रधानमंत्री के इस संदेश के बाद समूचे देश में स्वदेशी की लहर दौड़ गई है और सोशल मीडिया से लेकर आम जनता तक में स्वदेशी अपनाने की चर्चा हो रही है। यद्यपि मोदी ने ‘आत्मनिर्भर भारत’ अभियान के तहत केवल भारत की रेखा लंबी करने की बात कही है, न कि किसी राष्ट्र विशेष की रेखा मिटा कर छोटी करने को कहा है, परंतु इतिहास गवाह है कि जब-जब देश में स्वदेशी अपनाने की बात पर ज़ोर दिया जाता है, तो स्वत: ही विदेशी उत्पादों के रूप में आँखों के समक्ष सबसे पहले चीनी उत्पाद ही नज़र आते हैं।

सुनिए-पढ़िए PM मोदी का पूरा संदेश : 34 मिनट और 2200 शब्दों में 15 बार ‘आत्मनिर्भर भारत’ का उद्घोष

यही कारण है कि मोदी के संदेश के बाद से ही समूचे भारत में चीनी उत्पादों के बहिष्कार का आह्वान किया जा रहा है, परंतु यह आह्वान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संदेश की मूल भावना के विपरीत है। मोदी ने मेक इन इंडिया पर बल देते हुए ‘आत्मनिर्भर भारत’ के निर्माण की बात कही है। यह निश्चित रूप सत्य बात है कि मोदी का निशाना चीन ही था, परंतु देशवासियों को यह नहीं भूलना चाहिए कि जब मोबाइल फोन के माध्यम से वे सोशल मीडिया पर स्वदेशी अपनाते हुए चीनी उत्पादों के बहिष्कार का आह्वान करते हैं, वह मोबाइल भी अधिकांशत: चीनी कंपनियों के ही हैं। इतना ही नहीं, भारत अकारण ही चीनी उत्पादों के आयात पर रोक भी नहीं लगा सकता, क्योंकि ऐसा करना विश्व व्यापार संगठन (WTO) के नियमों का उल्लंघन होगा।

ऐसे में पीएम मोदी के संदेश को यदि व्यापक रूप से लिया जाए, तो हमें पहले ‘आत्मनिर्भर’ बनना है, ताकि हमें दूसरे देशों या उनके उत्पादों पर निर्भर न रहना पड़े। ऐसे में आवश्यकता है कि हम पहले आविष्कार करें, फिर बहिष्कार करें। यदि आविष्कार किए बिना बहिष्कार किया गया, तो हमारे देश के आम नागरिक सहित बड़ा वर्ग मुश्क़िल में पड़ जाएगा, क्योंकि TIK TOK से लेकर TOILET तक चीनी उत्पादों ने पैठ बना रखी है। टॉयलेट ही नहीं, अपितु TOY यानी खिलौना बाज़ार में भी चीनी उत्पाद काफी लोकप्रिय हैं, तो मोबाइल पर खेली जाने वाली PUBG गेम भी चीन का ही आविष्कार है। यदि हम स्वदेशी का आविष्कार किए बिना, चीनी उत्पादों का बहिष्कार करेंगे, तो टेक्नोलॉजी से लेकर छोटे-बड़े क्षेत्रों में उत्पादों की कमी उत्पन्न होगी, जिससे परेशानी अंतत: हमें ही होगी।

आइए, आपको बताते हैं भारतीय बाज़ार में चीन का कैसा है दबदबा ?

Mobile Phones :

  1. Xiaomi MI, 2. Oppo, 3. Vivo, 4. Oneplus, 5. Huawei, 6. Coolpad, 7. Motorola, 8. LeEco, 9. Lenovo, 10. Meizu, 11. Tecno, 12. Meizu, 13. Honor, 14. Gionee, 15. Gfive, 16. Hair.

Softwares :

  1. Alibaba Group – (i) UC Browser.
  2. Bytedance – (i) Tik Tok, (ii) Vigo Video, (iii) News Republic.
  3. Cheetah Mobile – (i) Whatscall, (ii) Cheetah Keyboard, (iii) CM Browser, (iv) Tap Tap Dash, (v) Battery Doctor, (vi) Clean Master, (vii) CM Backup, (viii) CM Browser, 3. Tencent Holding – (i) Pubg, (ii) WeChat.

Mobile Apps :

  1. TikTok
  2. Kwai
  3. PUBG
  4. Helo
  5. Like
  6. Shareit
  7. Sharechat
  8. Xender
  9. Vigo
  10. Bigo
  11. Live Me
  12. UC Browser
  13. CM Browser
  14. Vigo Video
  15. Viva Video
  16. VMate
  17. Beauty Plus
  18. Baidu Map
  19. Applock
  20. Parallel Space
  21. UDictionary
  22. DU Battery Saver
  23. TurboVPN
  24. NewsDog
  25. Cam Scanner
  26. Club Factory
  27. Mi Store
  28. Oppo Store
  29. Vivo Store
  30. ES File Explorer
  31. Cheetah Mobile
  32. Clean Master
  33. Zoom
  34. Shein
  35. Wish
  36. AliExpress
  37. Clash of Kings
  38. Mafia City
  39. Mobile Legends
  40. Castle Clash.

Automobiles :

  1. Volvo (Own by Geely), 2. MG (Own by SAIC Motors)

Others :

  1. Sinosteel, 2. Shougang International, 3. Baoshan Iron & Steel Ltd., 4. Sany Heavy Industry Ltd., 5. Chongqing Lifan Industry Ltd., 6. China Dongfang International,
  2. Sino Hydro Corporation,
  3. Huawei Technologies,
  4. ZTE, 10. TCL, 11. Haier, 12. Shanghai Electric, 13. Harbin Electric, 14. Dongfang Electric, 15. Shenyang Electric, 16. Beijing Automotive Industry Corporation (BAIC), 17. ZTE KangunTelecon Company (I) P. Ltd., 18. ESSEL hmedabad Godhra Toll Roads Ltd., 19. Shanghai Electric India Pvt. Ltd., 20. TBEA Energy India Pvt. Ltd., 21. Chenguang Bio-Tech India Pvt. Ltd., 22. Ecolutions Green Energy India Pvt. Ltd., 23. YAPP India Automotives Systems Pvt. Ltd., 24. XINDIA Steels Ltd., 25. Nippon Paint (India) Pvt. Ltd., 26. Cheetah Multitrade P. Ltd., 27. Jushi India FRP ccessories Pvt. Ltd., 28. WISCO (I) P. Ltd.